बुधवार, 30 दिसंबर 2015

"बोल फकीरा-७"

मैं कहाँ गलत था पता नहीं, क्यों अपने मुझसे रूठ गये,
नासमझी की हद देखो, वो मेरा सब कुछ लूट गये ।

आदित्य विक्रम मालीवाल ©
चित्तौड़गढ़, राजस्थान ।

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